इंजीनियर डीसी कपिल से घबराई स्थानीय पुलिस

NRC, NPR, CAA बिल को लेकर दिल्ली पुलिस में क्यों है हड़कंप?
इंजीनियर डीसी कपिल से घबराई स्थानीय पुलिस
अखिल भारतीय दलित मुस्लिम यूनाइटेड मोर्चा के प्रदर्शन से पूर्व ही फुले दिल्ली पुलिस के हाथ-पांव।सं


कार्यालय संवाददाता


नई दिल्ली  अखिल भारतीय दलित मुस्लिम यूनाइटेड मोर्चा की ओर से दक्षिण दिल्ली के तिगड़ी इलाके में एनआरसी एनपीआर और सीएए बिल के खिलाफ आक्रोश व्यक्त करने के लिए प्रदर्शन का आह्वान किया गया था। इसके लिए बाकायदा पुलिस से अनुमति मांगी गई थी। लेकिन गोरे अंग्रेजो की पुलिस की तर्ज पर इन काले अंग्रेजो की पुलिस ने भी भारतीय नागरिकों पर प्रताड़ना करते हुए उनको प्रदर्शन की अनुमति देने से इंकार कर दिया। इस बाबत मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष इंजीनियर डी.सी. कपिल ने अपने द्रण संकल्प को दोहराते हुए पुलिस से कहा कि वह हर कीमत पर प्रदर्शन करेंगे, क्योंकि यह उनका मौलिक अधिकार है। जिसका कोई भी किसी प्रकार से हनन नहीं कर सकता है। यह अधिकार बाबासाहेब के द्वारा बनाए गए संविधान द्वारा दिया हुआ मौलिक अधिकार है। इंजीनियर डी.सी. कपिल के अडिग फैसले के चलते पुलिस ने आज सुबह बिना किसी नोटिस/सम्मन के अघोषित रूप से अपहरण कर हिरासत में ले लिया। अखिल भारतीय दलित मुस्लिम यूनाइटेड मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष DC कपिल के बारे में पुलिस ने उनके परिजनों को भी कोई जानकारी नहीं दी। जो कि मानवाधिकार का उल्लघंन है। अखिल भारतीय दलित मुस्लिम यूनाइटेड मोर्चा के राष्ट्रीय महासचिव हाफ़िज़ गुलाम सरवर ने पुलिस नियंत्रण कक्ष को फोन कर चेतावनी दी है कि अगर जुमा की नमाज़ से पहले इंजीनियर डी.सी. कपिल को रिहा नहीं किया गया था मोर्चा के सैकड़ों कार्यकर्ता जिला पुलिस उपायुक्त कार्यालय का घेराव करेंगे।
अखिल भारतीय दलित मुस्लिम यूनाइटेड मोर्चा ने अम्बेडकर नगर के तिगड़ी चोक पर आज तीन बजे एनपीआर, एनआरएसी और सीएए बिल के विरुद्ध यह प्रदर्शन आयोजित किया जाना था। लेकिन पुलिस ने अपनी बर्बरता का परिचय देते हुए मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष को सोते हुए घर से उठा लिया। पुलिस को लगा कि अध्यक्ष गिरफ्तार हो जाने से शायद प्रदर्शन टल जाएगा। लेकिन मोर्चा के कर्तव्यनिष्ठवान कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन को हर हाल में करने का प्रण किया हुआ है। यदि पुलिस ने इंजीनियर डी.सी. कपिल को रिहा नहीं किया तो प्रदर्शन स्थल बदल जाएगा और जिला पुलिस कार्यालय का घेराव किया जाएगा। जिसके लिए पूर्ण रूप से पुलिस जिम्मेदार होगी।


Popular posts
अपराध संवाददाता नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के मोस्ट वांटेड आतंकवादी अब्दुल माजिद बाबा को श्रीनगर से गिरफ्तार किया है। इस आतंकी की गिरफ्तारी पर पुलिस ने दो लाख रुपये का इनाम घोषित किया था। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार किया गया आतंकी कोर्ट से सजा सुनाए जाने के बाद वर्ष 2015 में अपने दो साथियों के साथ फरार हो गया था, तभी से पुलिस को इसकी तलाश थी। खुफिया सूचना के आधार पर माजिद बाबा को शनिवार शाम श्रीनगर से गिरफ्तार किया गया। करीब डेढ़ माह पहले ही इसके एक साथी आतंकी फय्याज अहमद लोन को भी स्पेशल सेल ने पकड़ा था। पुलिस इससे पूछताछ कर फरार तीसरे साथी बशीर उर्फ पोनू की की जानकारी निकालने में लगी है। स्पेशल सेल के डीसीपी संजीव यादव ने बताया कि पुलिस के हत्थे चढ़ा अब्दुल माजिद 2007 में साथियों के साथ विस्फोटक लेकर दिल्ली आया था। कब केंद्रीय खुफिया इकाइयों से सूचना मिली थी कि जैश-ए- मोहम्मद के पाकिस्तानी कमांडर फारुख कुरैशी ने जम्मू-कश्मीर के एरिया कमांडर हैदर उर्फ डॉक्टर को दिल्ली में बडी आतंकी वारदात को अंजाम देने का निर्देश दिया। इसके लिए बांग्लादेश सीमा के रास्ते भारत में प्रवेश करने वाले पाकिस्तानी आतंकी शाहिद ग फूर, अब्दुल माजिद बाबा, फय्याज अहमद लोन और जैश कमांडर बशीर अहमद पोनू उर्फ मौलवी मालवा एक्सप्रेस ट्रेन पर सवार होकर दिल्ली पहुंचे थे। डीसीपी के अनुसार जैसे ही चारों बैग में हथियार एवं विस्फोटक लेकर दिल्ली के दीनदायाल उपाध्याय मार्ग होते हुए रंजीत सिंह फ्लाईओवर के समीप पहुंचे तो पुलिस ने इन्हें घेर लिया। तब इन्होंने पुलिस पर फायरिंग की। जवाबी फायरिंग के बाद इन्हें पकड़ा गया। इनके पास से .3 बोर की पिस्लौल, तीन किग्रा विस्फोटक, 50 हजार नकद ओर 10 हजार यूएस डॉलर बरामद हुए। जम्मू-कश्मीर के सोपोर जिले के माग्रेपुरा गांव का रहने वाला आतंकी अब्दुल माजिद बाबा 2007 में अपने दो कश्मीरी साथियों फय्याज अहमद लोन एवं जैश कमांडर बशीर अहमद पोनू उर्फ मौलवी और पाकिस्तानी आतंकी शाहिद गफ्फूर के साथ पकड़ा गया था। इसमें से पाकिस्तानी को तो निचली कोर्ट से ही सजा मिल गई थी लेकिन माजिद, फय्याज और बशीर को बरी कर दिया गया था। इस पर स्पेशल सेल ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया तो तीनों को उम्रकैद की सजा मिली। सजा मिलते ही तीनों फरार हो गए थे। स्पेशल सेल के मुताबिक इन तीनों के फरार होने के बाद दिल्ली उच्च न्यायालय ने इनके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया था। तभी से स्पेशल सेल की टीम लगातार इनकी तलाश में जुटी थी। इस दौरान ही पिछले महीने सेल ने फय्याज अहमद लोन को गिरफ्तार किया था। अब गुप्त सूचना के आधार पर स्पेशल सेल ने श्रीनगर से इस शातिर आतंकी अब्दुल माजिद बाबा को दबोच लिया। स्पेशल सेल आरोपित को लेकर दिल्ली आ रही है। उससे पूछताछ कर अब उसके आतंकी नेटवर्क का खुलासा किया जाएगा। जम्मू कश्मीर में सीआरपीएफ पर हुए हमले के बाद आतंकियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई में जुटी एजेंसियों ने स्थानीय व केंद्रीय खुफिया इकाइयों की मदद से संदिग्धों की सूची तैयार करनी शुरू की। इस दौरान इस फरार आतंकी के बारे में जानकारी मिली तो सुरक्षा एजेंसियों से इसकी डिटेल साझा किया गया। इसके बाद पुलिस टीम लगातार इसकी गतिविधि पर नजर रखने लगी। इस बीच इसकी गतिविधि की जैसे ही जानकारी मिली, स्पेशल सेल की टीम ने उसे धर दबोचा। पुलिस के हत्थे चढ़ा आतंकी जैश का नेटवर्क खड़ा करने में जुटा था। इसमें खासतौर से कश्मीरी नौजवान उसके निशाने पर थे। वहीं उसके साथ फरार हुए दोनों साथी भी जैश के नेटवर्क का विस्तार करने मे जुटे थे। यह खुलासा मामले की जांच में जुटी स्पेशल सेल की टीम ने किया। हालांकि फरार इन आतंकियों ने जैसे ही पिछले तीन महीने से जैश की जमीन तैयार करने का गुपचुप खेल शुरू किया, पुलिस की नजर में आ गए। इसके बाद पुलिस ने करीब डेढ़ महीने पहले फय्याज को दबोचा। इसके बाद माजिद को भी धर दबोचा।
दिवाली मिलन कार्यक्रम में पहुंच सकते हैं पत्रकारों की आड़ में चोर उचक्के
Global Vision of Jalan
Image
NoBroker.com ने सीरीज डी में जनरल एटलांटिक से 30 मिलियन डॉलर जुटाए
सट्टा बाजार की माने तो गाजियाबाद से जीत रहे हैं भाजपा के जनरल